*महिला मत्स्य पालकों के लिए सुनहरा अवसर, ‘एयरेशन योजना’ के लिए पोर्टल पुनः खुला।*

*महिला मत्स्य पालकों के लिए सुनहरा अवसर, ‘एयरेशन योजना’ के लिए पोर्टल पुनः खुला।*
*चन्दौली अविनाश तिवारी ब्यूरो*
चंदौली। उत्तर प्रदेश सरकार की “सघन मत्स्य पालन एयरेशन योजना” के तहत चंदौली जिले में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। मत्स्य विभाग ने पर्याप्त महिला आवेदन न मिलने के कारण ऑनलाइन आवेदन पोर्टल को एक बार फिर से खोल दिया है।
07 जनवरी तक कर सकेंगे आवेदन
मुख्य कार्यकारी अधिकारी मत्स्य, रामलाल निषाद ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए पहले आवेदन की तिथि 31 अगस्त 2025 तक थी। अब महिला लाभार्थियों को प्रोत्साहित करने के लिए पोर्टल (http://fisheries.up.gov.in) 29 दिसंबर 2025 से 07 जनवरी 2026 तक पुनः सक्रिय रहेगा।
*क्या है एयरेशन तकनीक और इसके लाभ?*
सघन मत्स्य पालन में मछलियों की संख्या अधिक होने पर तालाब में ऑक्सीजन की कमी हो जाती है। एयरेशन सिस्टम जल में ‘घुलित ऑक्सीजन’ के स्तर को बनाए रखता है, जिससे:मछलियों का विकास तेजी से होता है।बीमारियों का खतरा कम होता है।
उत्पादकता में 4-5 टन प्रति हेक्टेयर से अधिक की वृद्धि संभव है।
*पात्रता एवं शर्तें*
• केवल महिला मत्स्य पालक या महिला हैचरी स्वामी।
• निजी तालाब या न्यूनतम 5 वर्ष के अवशेष पट्टे वाला ग्राम सभा का तालाब।
• तालाब पर विद्युत कनेक्शन या जनरेटर की उपलब्धता।
• 0.50 हेक्टेयर हेतु 1 एरियेटर और 1 हेक्टेयर या अधिक हेतु अधिकतम 2 एरियेटर पर अनुदान देय होगा।
इच्छुक महिलाएं विभागीय वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन कर सकती हैं। तकनीकी सहायता के लिए कार्य दिवसों में सहायक निदेशक मत्स्य कार्यालय, चंदौली में संपर्क किया जा सकता है। प्रशासन का उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाकर मत्स्य उत्पादन में क्रांतिकारी बदलाव लाना है।


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