
*आस्था, अध्यात्म और सेवा का संगम बना चोपन का सत्संग, उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब,25 यूनिट रक्तदान बना मिसाल*
*आस्था, अध्यात्म और सेवा का संगम बना चोपन का सत्संग, उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब,25 यूनिट रक्तदान बना मिसाल*
•~ संत रामपाल जी महाराज के सान्निध्य में विशाल सत्संग एवं निःशुल्क नामदीक्षा कार्यक्रम आयोजित
•~ शास्त्रानुकूल भक्ति के साथ नशामुक्ति और सामाजिक कुरीतियों के उन्मूलन पर जोर, मानव सेवा पर दिया संदेश
*इंडिया न्यूज़ लाइव टीवी संवाददाता अवधेश कुमार गुप्ता*
गुरमा,सोनभद्र। चोपन के प्रीत नगर में संत रामपाल जी महाराज के सान्निध्य में विशाल आध्यात्मिक सत्संग एवं निःशुल्क नामदीक्षा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में सोनभद्र के साथ झारखंड और मध्य प्रदेश के सिंगरौली सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने पहुंचकर सत्संग का लाभ लिया। आध्यात्मिक संदेशों के बीच 25 यूनिट रक्तदान कर मानव सेवा और सामाजिक सरोकारों की प्रेरणादायक मिसाल पेश की गई।
*सत्संग में शास्त्रानुकूल भक्ति और सदाचार पर जोर*
कार्यक्रम में वेद, श्रीमद्भगवद्गीता, गुरु ग्रंथ साहिब, बाइबल और कुरान के प्रमाणों के आधार पर शास्त्रानुकूल भक्ति, सदाचार, शांति और मानवता का संदेश दिया गया। श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक मार्ग पर चलने के साथ जीवन में नैतिक मूल्यों को अपनाने की प्रेरणा दी गई। साथ ही नशाखोरी, दहेज प्रथा, भ्रूण हत्या, जातिवाद और छुआछूत जैसी सामाजिक कुरीतियों को समाप्त करने का आह्वान किया गया।सत्संग में संत रामपाल जी महाराज की अन्नपूर्णा मुहिम के माध्यम से जरूरतमंद परिवारों की सहायता करने तथा समाज में सेवा, सहयोग और मानवीय संवेदनाओं को मजबूत बनाने का संदेश भी दिया गया।
*25 यूनिट रक्तदान से दिया मानवता की सेवा का संदेश*
आध्यात्मिक आयोजन के दौरान जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज के आदेशानुसार कबीर पंथ मुनिन्द्र धर्मार्थ ट्रस्ट की ओर से 25 यूनिट रक्तदान किया गया। रक्तदान के इस पुनीत कार्य में जिला संयुक्त अस्पताल, लोढ़ी के ब्लड बैंक के चिकित्सक एवं अधिकारी उपस्थित रहे।इस अवसर पर नरेश दास, रमाशंकर दास, शिवाकांत दास, नंदलाल दास, शिवा दासी, सुरेश दास, मोहन दास, रामअवध दास सहित अन्य सेवादारों ने सहयोग किया। रक्तदान के माध्यम से जरूरतमंद मरीजों की सहायता और मानव जीवन की रक्षा का संदेश दिया गया।
*नामदीक्षा के साथ शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ आयोजन*
कार्यक्रम के समापन पर श्रद्धालुओं ने निःशुल्क नामदीक्षा ग्रहण की। पूरा आयोजन शांतिपूर्ण एवं अनुशासित वातावरण में संपन्न हुआ। आध्यात्मिक सत्संग, रक्तदान और सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ जागरूकता के संदेश के साथ कार्यक्रम ने भक्ति के साथ मानव सेवा के महत्व को भी रेखांकित किया।











