
*मालगाड़ी के इंजन में तकनीकी खराबी से थमी ट्रेनों की रफ्तार, ढाई घंटे तक रेल यातायात बाधित*
*मालगाड़ी के इंजन में तकनीकी खराबी से थमी ट्रेनों की रफ्तार, ढाई घंटे तक रेल यातायात बाधित*
•~ चोपन स्टेशन पर टाटा-जम्मू एक्सप्रेस, अगोरी आउटर पर प्रयागराज-चोपन और चुर्क स्टेशन पर त्रिवेणी एक्सप्रेस खड़ी रही
*इंडिया न्यूज़ लाइव टीवी संवाददाता अवधेश कुमार गुप्ता*
गुरमा-सोनभद्र। अगोरी रेलवे स्टेशन पर लोडेड मालगाड़ी के इंजन में अचानक तकनीकी खराबी आने से रविवार की सुबह रेल यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया। सिंगल रेल लाइन पर मालगाड़ी खड़ी हो जाने के कारण चोपन-प्रयागराज रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन बाधित रहा। इस दौरान तीन यात्री ट्रेनें अलग-अलग स्टेशनों और आउटर पर घंटों खड़ी रहीं। अचानक ट्रेनों के रुकने से यात्रियों को भारी परेशानी उठानी पड़ी।
जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह करीब छह बजे चोपन रेलवे स्टेशन से प्रयागराज- चोपन ट्रेन अपने गंतव्य के लिए रवाना हुई थी। लेकिन अगोरी रेलवे स्टेशन के आउटर पर पहुंचते ही उसे रोक दिया गया। मालगाड़ी के इंजन में आई खराबी के चलते यह ट्रेन करीब दो घंटे 20 मिनट तक आउटर पर खड़ी रही। वहीं, टाटा-जम्मू एक्सप्रेस सुबह करीब 5:30 बजे से ही चोपन रेलवे स्टेशन पर रुकी रही। इसी तरह त्रिवेणी एक्सप्रेस भी सुबह सात बजे से चुर्क रेलवे स्टेशन पर खड़ी रही।बताया जा रहा है कि अगोरी स्टेशन पर मालगाड़ी के इंजन में तकनीकी खराबी आने के कारण सिंगल रेल लाइन पर आवागमन का रास्ता बाधित हो गया था। इसके चलते चुर्क से चोपन तक विभिन्न स्थानों पर यात्री ट्रेनों को रोकना पड़ा। चुर्क स्टेशन पर खड़ी त्रिवेणी एक्सप्रेस के आगे बढ़ने और अगोरी स्टेशन पर रेल लाइन क्लीयर होने का इंतजार किया जाता रहा।आखिरकार सुबह करीब 8:30 बजे मालगाड़ी से जुड़ी तकनीकी समस्या दूर होने और रेल लाइन क्लीयर होने के बाद ट्रेनों का परिचालन बहाल हो सका। इसके बाद एक-एक कर सभी प्रभावित यात्री ट्रेनों को रवाना किया गया।
*ढाई घंटे तक हलकान रहे यात्री*
मालगाड़ी के इंजन में आई तकनीकी खराबी ने सुबह-सुबह रेल यात्रियों की यात्रा का समय बिगाड़ दिया। स्टेशनों और आउटर पर लंबे समय तक ट्रेनें खड़ी रहने से यात्रियों को इंतजार करना पड़ा। खासकर दैनिक यात्रियों और अपने गंतव्य तक समय से पहुंचने वाले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। एक मालगाड़ी की तकनीकी खराबी के चलते कई यात्री ट्रेनों का परिचालन प्रभावित होने से रेलखंड की सिंगल लाइन व्यवस्था भी चर्चा में रही।











